दोस्त खामेंनेई का बदला लेने उतरा तानाशाह किम जोंग ने किया खुला ऐलान ईरान की टॉप कमांडर के दातों पर लगी थी जासूसी वाली चिप खामेनेई के बेडरूम तक उसकी पहुंच इतना बड़ा धोखा इसराइल और अमेरिकाने दिया दुनिया के मुस्लिम देश ने सरेंडर कर दिया लेकिन अपने दोस्त खामेंनेई का बदला ले रहा किम जोंग अभी तो ईरान ने सबसे मारक मिसाइल निकाले भी नहीं ट्रंप और बेंजामिन नेतन्याहू की हेकड़ी गुम। इज़राइल से अरब तक पछता रहे। तेल अवीव से दुबई कतर सऊदी तक ईरानी मिसाइलों की तबाही के निशान। ईरान की ऐसी तैयारी की उम्मीद किसी को नहीं थी

1.) बिना चीनी- रूसी मदद के, इतने देशों पर इतना सटीक हमला अकेले ईरान नहीं कर सकता था। जाहिर सी बात है, उसे सेटलाइट सिमुलेशन से लेके सभी वारफेयर टेक, यहां से मिल रही है।
2.) यूक्रेन, अमेरिका और यूरोप का प्रॉक्सी वार देश था। उन्होंने अपनी सेना नहीं दी लेकिन हथियार और सेटेलाइट की मदद दी। इसी की वजह से टुचकू सा देश रूस से इतने दिन लड़ता रहा। अब ईरान, अमेरिका और यूरोप के खिलाफ, रूस और चीन का प्रॉक्सी है। ये भीं जल्दी हार मानने वाला नहीं है।
3.) ईरान का एयर डिफेंस सिस्टम अमेरिका इजराइल और अरब देशों की तरह (उन्होंने भी अमरीका से ही खरीदा है) मजबूत नहीं है। लेकिन उसके पास बैलिस्टिक मिसाइल्स का जखीरा है। वो अमरीका इजराइल की मिसाइल गिरने से नहीं रोक पाएगा। लेकिन बैलेस्टिक मिसाइल महीनों तक फायर करता रहेगा। आप 100 में से 95 इंटरसेप्ट कर लो लेकिन 5 नहीं कर पाओगे और उसका टारगेट परसेंट भी 5 ही है। उसने एक एक अरब देश पर 300 से ज्यादा अटैक किए हैं।
4.) ईरान की भौगोलिक स्थिति ऐसी है कि तीन तरफ दुर्गम पहाड़ हैं। उसके अंदर 3 बड़े रेगिस्तान हैं। तो इजराइल या अमेरिका कभी अपनी आर्मी नहीं उतारेंगे। जैसा उन्होंने अफगानिस्तान, इराक में किया था। मतलब अमेरिका इजराइल की तरफ से एयर स्ट्राइक और ईरान की तरफ से मिसाइल + ड्रोन अटैक होता रहेगा।
5.) पिछली बार, ईरान ने पहले इजरायल का आयरन डोम का मिथक तोड़ दिया था। इजरायल ने तब तक ऐसा परसेप्शन बना रखा था जैसे कोई गोला इजरायल के ऊपर तैनात हो। इसके अलावा पहली बार किसी देश ने अमरीकी सेना के बेस पर मिसाइल अटैक किया था। इस लिए ये दोनों पीछे नहीं हट सकते। इन्हें अपनी साख के लिए लड़ना ही है जब तक ईरान घुटने न टेक दे। ये दोनों जानते हैं कि ईरान के पास न्यूक्लियर हथियार नहीं है लेकिन अब वो मसला ही नहीं है।
6.) बुर्ज खलीफा के पास ड्रोन ब्लास्ट हुआ है। दुबई के पोस्ट जबेल अली पर ड्रोन हमला हुआ है। सबसे विख्यात जगहों पर हमला किया है ईरान ने। दुबई, दोहा, जैसे अरब के शहर दुनियां के सेफ हेवन थे। इन्हें इसे प्रचारित किया गया था । जैसे ये दुनियां के सेफ हेवन है। न यहां टैक्स है न किसी तरह का खतरा। ईरान ने इनके अंदर घुस के हमला किया है। उसने ब्रांड दुबई की इमेज डेंट की है। यहां से फ्लाइट खुलते ही अमीरों का बड़ा भाग चला जायेगा । ये खाडी के देशों के लिए बहुत बड़ा झटका है।
7.) ईरान के पास स्ट्रेट ऑफ हरमूज है। यहां से पूरे विश्व का करीब 20% तेल गुजरता है। ईरान ने कह दिया कि यहां से कोई भी शिप निकला तो उस पर ईरान अटैक करेगा। अरब की सबसे बड़ी ऑयल रिफाइनरी अरमको पर ईरान निर्मला किया हैं। इससे पूरी दुनियां में तेल की कीमतें बढ़ने वाली हैं। महंगाई बढ़ने वाली है। ट्रेड, इकोनॉमी, स्टॉक मार्केट सब हिलने वाले हैं।










